कोरोना से बचाव के लिए 21 मार्च से आम श्रद्धालुओं के लिए बंद गोरखनाथ मंदिर में इस बार रामनवमी कुछ अलग तरह की होगी। हालांकि


  रिपोर्ट अबरार गोरखपुर                                               गुरुवार को इस पर्व को सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए मनाने की तैयारी कर ली गई है। मिली जानकारी के अनुसार दिन में 12 बजे मंदिर में कुमारी कन्या और बटुक भैरव का पूजन और भोज होगा। इस दौरान कोरोना वायरस से बचाव का पूरा ख्याल रखा जाएगा।


इसके पहले सुबह नौ बजे यज्ञशाला में मंदिर के प्रधान पुरोहित आचार्य रामानुज त्रिपाठी वैदिक और अन्य पुरोहित हवन का अनुष्ठान पूर्ण कराएंगे। यहां भी सोशल डिस्टेंस और बचाव के सभी उपाय किए जाएंगे। गोरखनाथ मंदिर के प्रधान पुजारी योगी कमलनाथ ने बताया कि 25 मार्च 2020 से नवरात्र के पहले दिन से ही मंदिर परिसर में स्थित राम दरबार में अखंड रामचरितमानस का पाठ चल रहा है।
आवासीय भवन के प्रथम तल पर स्थित परिसर में मां दुर्गा मंदिर में दुर्गा सप्तशती का पाठ 11 पंडितों द्वारा किया जा रहा है। वहां भी सोशल डिस्टेंसिंग का पालन हो रहा है। आरती के बाद रोज प्रसाद वितरण होता है।


पूर्णाहुति गुरुवार को रामनवमी के दिन होगी। उसके बाद अपराहन 12 बजे से कुमारी कन्या पूजन और भोज का कार्यक्रम आयोजित होगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि कार्यक्रम में हर बार की तरह मुख्यमंत्री गोरक्षपीठाधीश्वर योगी आदित्यनाथ शामिल होंगे। गौरतलब है सीएम और गोरक्षपीठाधीश्वर योगी आदित्यनाथ नवरात्र में नौ दिन का व्रत रखते हैं। वह हर साल नवमी पर गोरखनाथ मंदिर में हवन और कन्या पूजन करते रहे हैं। इस दिन गोरखनाथ मंदिर में श्रद्धालु दर्शन करते थे। सीएम भी सैकड़ों लोगों से मिलते-जुलते थे लेकिन इस बार ऐसा कुछ नहीं होगा।


मीडिया सेल से विनय गौतम ने बताया कि अनुष्ठान के दौरान कोरोना वायरस को देखते हुए प्रशासन द्वारा जारी दिशा निर्देशों का पालन किया जाएगा।। सोशल डिस्टेंस के निर्देशों के अनुपालन में कुमारी कन्याओं, बच्चों और अन्य लोगों के हाथों को सेनेटाइज करने के बाद अनुष्ठान में शामिल किया जाएगा।