अमिताभ का सप्लाई वॉरियर्स को संदेश, बोले- जान जोखिम में डाल देश सेवा के लिए आपको सलाम


 


मुंबई,  (वेबवार्ता)। अमिताभ बच्चन ने उन सप्लाई वॉरियर्स का आभार जताया है, जो कोरोनावायरस के संकट की घड़ी में अपनी जान को दांव पर लगाकर लोगों की सेवा में लगे हैं। इसे लेकर बिग बी ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो साझा किया है। उन्होंने कैप्शन में लिखा है, ऐसे सभी सप्लाई वॉरियर्स को मेरा आभार, जो राष्ट्र की सेवा के लिए हर दिन अपनी जान जोखिम में डाल रहे हैं। लॉकडाउन के बीच भी भारत को जोड़े रखने के आपके संकल्प को हम सलाम करते हैं।


 


वीडियो में अमिताभ कह रहे हैं, एक तरफ जब आज सारा देश प्रधानमंत्रीजी के आह्वान पर लॉकडाउन का पालन करते हुए कोरोना के खिलाफ लड़ाई में योगदान दे रहा है। वहीं दूसरी ओर ऐसे निस्वार्थ कर्म योद्धा भी हैं, जो हमारी रोजमर्रा की जरूरी वस्तुएं हमें सहजता से उपलब्ध करवा रहे हैं और इस लड़ाई में बहुत ही अहम योगदान निभा रहे हैं। इन सप्लाई वॉरियर्स या सप्लाई योद्धा की स्वार्थहीन निष्ठा अपने आपमें बहुत बड़ा कारण है, जिनकी वजह से कोरोनावायरस के खिलाफ जो लॉकडाउन है, यह सफल हो रहा है।


 


बिग बी आगे कहते हैं, मैं इन सप्लाई वॉरियर्स का तहे दिल से आभार व्यक्त करता हूं, जिनमें शामिल हैं अपने घर-परिवार से सैकड़ों मील दूर काम कर रहे लाखों ट्रक ड्राइवर्स, सामान की लोडिंग-अनलोडिंग करने वाले हमारे भाई-बहन, रेलवे रैक, हवाई कार्गो, बंदरगाहों पर कार्यरत कर्मचारी, ारतीय वायु सेना, एयर इंडिया के पायलट और क्रू और वो तमाम लोग जो खाद्य पदार्थ और जरूरी दवाइयों की सप्लाई में जी जान से काम कर रहे हैं।


 


बकौल अमिताभ, मैं सभी स्थानीय दुकानदार और डिलीवरी में जुटे बहनों और भाइयों, जो दूध, सब्जी, फल, खाद्यान्न आदि हमारे घर पहुंचा रहे हैं या हमें दुकानों पर मुहैया करा रहे हैं। उन सबका भी मैं बहुत आभारी हूं, जिनकी वजह से ये जितनी भी जरूरी वस्तुएं हैं, ये बहुत ही सहजता से आपको उपलब्ध हो रही हैं।


 


अमिताभ ने अंत में कहा, बाकी देशवासियों से मेरा बहुत ही विनम्र निवेदन है कि आप निश्चिन्त रहें इन सप्लाई वॉरियर्स के चलते आपको जरूरी चीजों की कोई कमी नहीं होगी। इसलिए अनावश्यक चीजों को आप इकठ्ठा न करें। जमा-खोरी न करें। घर में रहें, सुरक्षित रहें। मैं एक बार फिर देश की इस महान सेवा के लिए सभी सप्लाई वॉरियर्स को कोटि-कोटि नमन करता हूं। नमस्कार, धन्यवाद।